मानसून सत्र में रोजगार, किसानों, शिक्षा और स्मार्ट सिटी समेत जनहित के मुद्दे उठाएंगेआंवला सांसद नीरज मौर्य*
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*मानसून सत्र में रोजगार, किसानों, शिक्षा और स्मार्ट सिटी समेत जनहित के मुद्दे उठाएंगेआंवला सांसद नीरज मौर्य*
रिपोर्ट/आसिफ अली
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बरेली। आंवला लोकसभा क्षेत्र के सांसद नीरज मौर्य ने सर्किट हाउस, बरेली में आयोजित प्रेस वार्ता में कहा कि 20 जुलाई से शुरू हो रहे संसद के मानसून सत्र में क्षेत्र एवं देशहित से जुड़े जनसरोकार के महत्वपूर्ण मुद्दों को मजबूती के साथ संसद में उठाया जाएगा। उन्होंने कहा कि उनका उद्देश्य सरकार से जवाबदेही तय कराना और आम जनता की समस्याओं के समाधान के लिए ठोस कार्रवाई सुनिश्चित कराना है।
सांसद नीरज मौर्य ने बताया कि मानसून सत्र में युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसरों का सृजन एवं प्रभावी रोजगार नीति, सरकारी विद्यालयों की गिरती शिक्षा व्यवस्था और लगातार घटते नामांकन, स्मार्ट सिटी मिशन के कार्यों की समीक्षा तथा वित्तीय अनियमितताओं की जांच, किसानों की आय दोगुनी करने के दावों की वास्तविक स्थिति, फसलों के नुकसान पर मुआवजे में विसंगतियों को दूर करने, न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) को कानूनी गारंटी देने तथा किसानों की कर्जमाफी की मांग प्रमुखता से उठाई जाएगी।
उन्होंने कहा कि किसानों की बदहाल स्थिति, खाद की कमी, महंगे डीजल-पेट्रोल से बढ़ती कृषि लागत, शिक्षक भर्ती में टीईटी की अनिवार्यता की समीक्षा, युवाओं की भर्ती से जुड़े मुद्दे, नीट परीक्षा में कथित अनियमितताओं, बढ़ती महंगाई और बेरोजगारी, थानों, तहसीलों एवं विभिन्न सरकारी योजनाओं में भ्रष्टाचार और कथित वित्तीय घोटालों की जांच, चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली, चुनावी पारदर्शिता, चुनावी चंदे में पारदर्शिता, ई-20 ईंधन नीति तथा डीजल में ब्यूटेनॉल मिश्रण के संभावित प्रभावों पर भी सरकार से जवाब मांगा जाएगा। इसके साथ ही राम मंदिर परिसर में कथित चोरी की घटना से जुड़े सुरक्षा और जवाबदेही के मुद्दे भी संसद में उठाए जाएंगे।
सांसद मौर्य ने कहा कि स्थानीय जनहित के विषयों को भी संसद में प्रमुखता से रखा जाएगा। उन्होंने बताया कि किसानों के लिए पर्याप्त खाद उपलब्ध कराने, बंद पड़ी रबर फैक्ट्री के मामले में सरकार और कर्मचारियों के बीच संवाद स्थापित कर समाधान निकालने, 300 बेड अस्पताल को पूरी क्षमता के साथ संचालित कराने तथा बरेली में एम्स की स्थापना के लिए सड़क से सदन तक लगातार संघर्ष जारी रहेगा।
उन्होंने कहा कि संसद में उठाए जाने वाले सभी मुद्दे जनता की आवाज हैं और उनका प्रयास रहेगा कि सरकार इन विषयों पर स्पष्ट जवाब दे तथा ठोस कार्रवाई करे, जिससे क्षेत्र की समस्याओं का स्थायी समाधान सुनिश्चित हो सके। इस । इस मौके पर मुख्य रूप से मौजूद रहे जिला अध्यक्ष शुभलेश यादव , पीयूष वर्मा , डॉ नरेंद्र गौतम , मयंक शुक्ला , सत्यवीर चौहान , संजय शास्त्री , शगुन तोमर , शिवकुमार शाक्य आदि लोग मौजूद रहे ।
प्रेस वार्ता में बताया जाएगा कि संसद के मानसून सत्र में क्षेत्र तथा देशहित से जुड़े निम्नलिखित प्रमुख विषयों पर सरकार से जवाब और ठोस कार्रवाई की मांग की जाएगी—
ये भी प्रमुख बाते रही ।
– युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसरों का सृजन एवं रोजगार नीति।
– सरकारी विद्यालयों की गिरती शिक्षा व्यवस्था और लगातार घटता नामांकन।
– स्मार्ट सिटी मिशन के कार्यों की समीक्षा तथा वित्तीय अनियमितताओं की जांच।
– किसानों की आय दोगुनी करने के रोडमैप की वास्तविक स्थिति।
– फसलों के नुकसान पर मिलने वाले मुआवजे में विसंगतियों को दूर करने की मांग।
– न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) को कानूनी गारंटी देने की मांग।
– किसानों की बदहाल स्थिति, खाद की अनुपलब्धता, महंगे डीजल-पेट्रोल तथा किसानों की कर्जमाफी।
– चुनावी चंदे में पारदर्शिता, ई-20 ईंधन नीति तथा भविष्य में डीजल में ब्यूटेनॉल मिश्रण से जुड़े संभावित प्रभावों पर चर्चा।
– शिक्षक भर्ती में TET की अनिवार्यता की समीक्षा एवं युवाओं से जुड़े भर्ती संबंधी मुद्दे।
– NEET परीक्षा में कथित अनियमितताओं एवं परीक्षा प्रणाली की पारदर्शिता।
– बढ़ती महंगाई और बेरोजगारी पर सरकार से जवाबदेही।
– थानों, तहसीलों तथा विभिन्न सरकारी योजनाओं में भ्रष्टाचार एवं कथित वित्तीय घोटालों की जांच।
– राम मंदिर परिसर में कथित चोरी की घटना से जुड़े सुरक्षा एवं जवाबदेही के प्रश्न।
– किसानों की कर्जमाफी की मांग।
– चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली एवं चुनावी पारदर्शिता से जुड़े मुद्दों पर चर्चा।
खाद का मुद्दा
रबर फैक्ट्री
300 बेड हॉस्पिटल
एम्स को लेकर प्रयासरत रहेंगे ।